हृदय की धड़कन नियमित रखने में मदद करता है पेसमेकर
पेसमेकर एक चिकित्सा उपकरण है, जो हृदय की धड़कन को नियमित बनाए रखने में मदद करता है। जब किसी मरीज के हृदय की धड़कन बहुत धीमी हो जाती है या उसकी लय में गड़बड़ी होती है, तो डॉक्टर जांच के बाद पेसमेकर लगाने की सलाह दे सकते हैं।
अधिक उम्र के मरीजों में उपचार के दौरान उनकी सेहत और चिकित्सकीय जांच का विशेष ध्यान रखा जाता है। मरीज की स्थिति के अनुसार डॉक्टर उपचार की प्रक्रिया तय करते हैं।
परिजनों ने जताया आभार
समाचार में बताया गया है कि उपचार के बाद परिजनों ने डॉक्टर के प्रति आभार व्यक्त किया। डॉ. अवनीश गुप्ता की देखरेख में पेसमेकर लगाने की प्रक्रिया पूरी की गई।
हृदय संबंधी समस्याओं में जरूरी है समय पर जांच
हृदय की धड़कन असामान्य होने, चक्कर आने, बेहोशी या असामान्य कमजोरी जैसे लक्षणों को नजरअंदाज नहीं करना चाहिए। ऐसे लक्षण दिखाई देने पर चिकित्सकीय सलाह लेना जरूरी है। पेसमेकर की जरूरत है या नहीं, इसका निर्णय डॉक्टर जांच के बाद करते हैं।
