TCE रीवा न्यूज डेस्क। मध्य प्रदेश के सीधी जिले के मझौली थाना क्षेत्र से मानवता को शर्मसार करने वाली एक अत्यंत गंभीर और सनसनीखेज घटना सामने आई है। यहां चार साल की एक मासूम बच्ची के साथ दुष्कर्म करने के आरोप में पुलिस ने केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (CRPF) के एक जवान को गिरफ्तार किया है। पीड़ित परिवार की शिकायत पर पुलिस ने त्वरित कानूनी कार्रवाई करते हुए आरोपी को हिरासत में लिया और संबंधित धाराओं में मामला दर्ज कर न्यायालय में पेश किया, जहां से अदालत ने उसे न्यायिक हिरासत में जिला जेल सीधी भेजने का आदेश दिया है।
घर के बाहर से बहला-फुसलाकर ले जाने का आरोप
पुलिस से प्राप्त प्राथमिक जानकारी के अनुसार, घटना मझौली थाना क्षेत्र अंतर्गत आने वाले एक गांव की है। बताया जा रहा है कि चार वर्षीय मासूम बच्ची रात के समय अपने घर से बाहर निकली थी। परिजनों का आरोप है कि पड़ोस में रहने वाले आरोपी ने बच्ची को कुरकुरे व खाने-पीने की वस्तु देने के बहाने अपनी तरफ बुलाया और फिर उसका मुंह दबाकर इस घिनौनी वारदात को अंजाम दिया।
जब काफी देर तक बच्ची घर वापस नहीं लौटी तो परिजनों ने उसकी तलाश शुरू की। कुछ समय बाद जब बच्ची रोते-बिलखते हालत में घर पहुंची, तो उसके शरीर और निजी अंगों से रक्तस्राव हो रहा था। बच्ची ने रोते हुए अपनी मां को पूरी आपबीती सुनाई और पड़ोस में रहने वाले व्यक्ति की करतूत के बारे में जानकारी दी।
परिजनों की तहरीर पर पॉक्सो एक्ट में मामला दर्ज
घटना के बाद पीड़िता की मां ने 15 अगस्त को मझौली थाने पहुंचकर लिखित शिकायत दर्ज कराई। मामले की संवेदनशीलता और गंभीरता को देखते हुए पुलिस प्रशासन तत्काल हरकत में आया। पुलिस अधिकारियों ने तुरंत पीड़िता को चिकित्सकीय परीक्षण और उपचार के लिए अस्पताल भेजा और पीड़िता के परिजनों के बयान दर्ज किए।
मझौली थाना प्रभारी के अनुसार, शिकायत और प्राथमिक जांच के आधार पर आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की संबंधित धाराओं सहित लैंगिक अपराधों से बालकों का संरक्षण (POCSO) अधिनियम की सख्त गैर-जमानती धाराओं के तहत मामला पंजीबद्ध किया गया। इसके बाद पुलिस टीम ने दबिश देकर आरोपी को 24 घंटे के भीतर गिरफ्तार कर लिया।
जम्मू-कश्मीर में पदस्थ था आरोपी, एक साल बाद था रिटायरमेंट
जांच में सामने आया है कि आरोपी की उम्र लगभग 59 वर्ष है और वह सीआरपीएफ में सेवारत है। वर्तमान में उसकी तैनाती जम्मू-कश्मीर में थी और वह करीब 20 दिन की छुट्टी लेकर अपने पैतृक गांव मझौली आया हुआ था। आधिकारिक सेवा रिकॉर्ड के अनुसार, आरोपी जवान का सेवाकाल लगभग एक वर्ष ही शेष बचा था और वह जल्द ही सेवानिवृत्त (रिटायर) होने वाला था।
शुरुआती जांच और स्थानीय स्तर पर मिली सूचनाओं के अनुसार, आरोपी के आपराधिक रिकॉर्ड की भी गहनता से पड़ताल की जा रही है कि क्या वह पूर्व में भी किसी आपत्तिजनक या आपराधिक कृत्य में संलिप्त रहा है। पुलिस इस मामले के सभी कानूनी और तकनीकी पहलुओं को मजबूती से संकलित कर रही है ताकि अदालत में ठोस साक्ष्य प्रस्तुत किए जा सकें।
अदालत ने आरोपी को भेजा जिला जेल
पुलिस ने आवश्यक कागजी कार्रवाई और मेडिकल औपचारिकताएं पूरी करने के बाद आरोपी को स्थानीय सक्षम न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया। मामले की गंभीरता को देखते हुए न्यायालय ने आरोपी की जमानत याचिका खारिज करते हुए उसे न्यायिक अभिरक्षा में जिला जेल सीधी भेजने के आदेश जारी कर दिए।
इस हृदयविदारक घटना के बाद से पूरे इलाके में गहरा आक्रोश और तनाव देखा जा रहा है। स्थानीय नागरिकों और परिजनों ने प्रशासन से मांग की है कि मासूम बच्ची को त्वरित न्याय दिलाने के लिए मामले की सुनवाई फास्ट-ट्रैक कोर्ट में की जाए और दोषी को सख्त से सख्त सजा दिलाई जाए।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQs)
1. सीधी जिले के किस थाना क्षेत्र में यह घटना हुई?
यह घटना सीधी जिले के मझौली थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले एक ग्रामीण इलाके की है।
2. पुलिस ने आरोपी के खिलाफ किन धाराओं में कार्रवाई की है?
पुलिस ने पीड़िता की मां की शिकायत के आधार पर आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता और पॉक्सो (POCSO) एक्ट की विभिन्न गंभीर धाराओं में मामला दर्ज किया है।
3. आरोपी की पृष्ठभूमि क्या है और वह कहां पदस्थ था?
आरोपी की उम्र लगभग 59 वर्ष है और वह सीआरपीएफ (CRPF) में कार्यरत है। वह वर्तमान में जम्मू-कश्मीर में तैनात था और 20 दिन की छुट्टी पर घर आया था।
4. पुलिस कार्रवाई के बाद वर्तमान में आरोपी की क्या स्थिति है?
पुलिस द्वारा गिरफ्तारी के बाद आरोपी को न्यायालय में पेश किया गया, जहां से अदालत के आदेश पर उसे न्यायिक हिरासत में जिला जेल सीधी भेज दिया गया है।
