Sowcar Janaki Death: दक्षिण भारतीय सिनेमा की वरिष्ठ और प्रतिष्ठित अभिनेत्री सौकर जानकी का 94 वर्ष की उम्र में निधन हो गया। उन्हें उम्र संबंधी स्वास्थ्य समस्याओं के बाद चेन्नई के एक अस्पताल में भर्ती कराया गया था, जहां वह गहन चिकित्सा देखभाल में थीं। शुक्रवार, 21 अगस्त को उन्होंने अंतिम सांस ली। उनके निधन के साथ दक्षिण भारतीय सिनेमा के सात दशक से अधिक लंबे एक महत्वपूर्ण अध्याय का अंत हो गया।
सौकर जानकी ने अपने लंबे फिल्मी करियर में तमिल, तेलुगु, कन्नड़ और मलयालम सहित कई भाषाओं की 400 से अधिक फिल्मों में काम किया। अलग-अलग दौर के बड़े सितारों और निर्देशकों के साथ काम करने वाली जानकी अपनी बहुमुखी अभिनय शैली के लिए जानी जाती थीं।
अस्पताल में चल रहा था इलाज
सौकर जानकी की तबीयत पिछले दिनों खराब होने के बाद उन्हें चेन्नई के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया था। स्वास्थ्य संबंधी जटिलताओं के कारण उन्हें गहन चिकित्सा इकाई में रखा गया था। 21 अगस्त को इलाज के दौरान उनका निधन हो गया। उनकी उम्र 94 वर्ष थी।
निधन के बाद फिल्म जगत, राजनीतिक नेताओं और उनके प्रशंसकों के बीच शोक की लहर फैल गई। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, उनके पार्थिव शरीर को चेन्नई के तेयनामपेट स्थित निवास क्षेत्र में लोगों के अंतिम दर्शन के लिए रखा गया। अंतिम संस्कार की विस्तृत आधिकारिक जानकारी परिवार की ओर से अलग से स्पष्ट की जानी थी।
‘Shavukaru’ फिल्म से बनीं सौकर जानकी
सौकर जानकी का असली नाम शंकरमांची जानकी था। उन्होंने अपने फिल्मी करियर की शुरुआत 1950 में तेलुगु फिल्म Shavukaru से की थी। इसी फिल्म की लोकप्रियता के बाद उनके नाम के साथ ‘सौकर’ जुड़ गया और आगे चलकर वह सौकर जानकी के नाम से पहचानी जाने लगीं।
इसके बाद उन्होंने कई दशकों तक दक्षिण भारतीय सिनेमा में लगातार काम किया। तमिल फिल्मों में भी उन्होंने अपनी अलग पहचान बनाई और विभिन्न प्रकार के किरदारों के जरिए दर्शकों के बीच मजबूत जगह बनाई।
70 साल से ज्यादा लंबा रहा फिल्मी सफर
सौकर जानकी का करियर केवल फिल्मों की संख्या तक सीमित नहीं था। उन्होंने कई पीढ़ियों के कलाकारों के साथ काम किया और बदलते सिनेमा के साथ खुद को लगातार ढाला। उनका फिल्मी सफर सात दशक से अधिक समय तक चला।
उन्होंने तमिल, तेलुगु, कन्नड़ और मलयालम फिल्मों में काम किया। बाद के वर्षों में भी वह अभिनय से पूरी तरह दूर नहीं हुईं। उनकी अंतिम फिल्मी प्रस्तुतियों में 2023 की तेलुगु फिल्म Anni Manchi Sakunamule शामिल रही।
‘पुधिया परवई’ से ‘ढिल्लू मुल्लू’ तक यादगार भूमिकाएं
सौकर जानकी ने अपने करियर में कई चर्चित फिल्मों में अभिनय किया। तमिल सिनेमा में Neerkumizhi, Ethir Neechal, Uyarndha Manithan, Kaviya Thalaivi और Thillu Mullu जैसी फिल्मों में उनके अभिनय को खास पहचान मिली। उन्होंने निर्देशक के. बालाचंदर के साथ भी कई महत्वपूर्ण फिल्मों में काम किया।
उनकी खासियत यह थी कि वह केवल एक तरह की भूमिका तक सीमित नहीं रहीं। पारिवारिक फिल्मों से लेकर गंभीर सामाजिक विषयों और कॉमेडी तक, उन्होंने अलग-अलग तरह के किरदार निभाए।
पद्मश्री और कलाइमामणि से सम्मानित हुईं
भारतीय सिनेमा में लंबे और उल्लेखनीय योगदान के लिए सौकर जानकी को कई बड़े सम्मान मिले। भारत सरकार ने उन्हें 2022 में पद्मश्री से सम्मानित किया था। इसके अलावा उन्हें तमिलनाडु सरकार का कलाइमामणि पुरस्कार और तेलुगु सिनेमा से जुड़े नंदी पुरस्कार सहित कई सम्मान मिले।
उनके सम्मान केवल पुरस्कारों तक सीमित नहीं रहे। फिल्म जगत में उन्हें उन चुनिंदा कलाकारों में गिना जाता था, जिन्होंने अलग-अलग भाषाओं और पीढ़ियों के बीच अपनी अभिनय पहचान बनाए रखी।
मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय ने जताया दुख
तमिलनाडु के मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय ने सौकर जानकी के निधन पर गहरा दुख जताया। उन्होंने कहा कि अपनी विशिष्ट अभिनय प्रतिभा से कई पीढ़ियों के दर्शकों के दिलों में जगह बनाने वाली अभिनेत्री का जाना फिल्म जगत के लिए बड़ी क्षति है।
मुख्यमंत्री ने उनके सात दशक से अधिक लंबे कलात्मक योगदान और अलग-अलग भाषाओं में निभाए गए अनगिनत किरदारों को याद करते हुए कहा कि पद्मश्री, कलाइमामणि और अन्य पुरस्कारों से सम्मानित सौकर जानकी का निधन भारतीय फिल्म उद्योग के लिए एक अपूरणीय क्षति है।
कमल हासन ने कहा- ‘एक मां की छवि विदा हो गई’
अभिनेता और सांसद कमल हासन ने सौकर जानकी को भावुक श्रद्धांजलि दी। उन्होंने अपने लंबे पेशेवर और व्यक्तिगत संबंधों को याद करते हुए कहा कि दोनों ने कई फिल्मों में साथ काम किया।
कमल हासन ने उन्हें दक्षिण भारतीय सिनेमा की ऐसी अभिनेत्री बताया, जिनकी जगह भरना मुश्किल है। उन्होंने अपने श्रद्धांजलि संदेश में भावुक शब्दों के साथ कहा कि उनके लिए मां जैसी छवि रखने वाली एक महान कलाकार अब इस दुनिया में नहीं रहीं।
फिल्म और राजनीतिक जगत से श्रद्धांजलियों का दौर
सौकर जानकी के निधन पर फिल्म उद्योग की कई हस्तियों ने शोक जताया। उनके लंबे करियर और विभिन्न भाषाओं के सिनेमा में योगदान को याद किया गया। कई कलाकारों ने उन्हें दक्षिण भारतीय फिल्म जगत की एक महत्वपूर्ण और अपरिहार्य शख्सियत बताया।
राजनीतिक जगत से भी श्रद्धांजलियां दी गईं। नेताओं ने कहा कि सौकर जानकी ने अपने अभिनय से कई पीढ़ियों के दर्शकों के बीच ऐसी पहचान बनाई, जो आने वाले समय में भी उनके काम के जरिए कायम रहेगी।
400 से ज्यादा फिल्मों की विरासत छोड़ गईं
सौकर जानकी का फिल्मी सफर उस दौर से शुरू हुआ था, जब दक्षिण भारतीय सिनेमा अपनी अलग पहचान बना रहा था। इसके बाद उन्होंने सिनेमा के कई दौर देखे और अलग-अलग पीढ़ियों के अभिनेताओं के साथ काम किया।
चार सौ से अधिक फिल्मों और सात दशक से ज्यादा लंबे करियर के साथ उन्होंने भारतीय सिनेमा में अपनी अलग जगह बनाई। आज उनके निधन के बाद उनके द्वारा निभाए गए किरदार, फिल्में और अभिनय की विरासत ही उन्हें दर्शकों के बीच हमेशा याद दिलाती रहेगी।
सौकर जानकी निधन: FAQs
सौकर जानकी का निधन कब हुआ?
सौकर जानकी का निधन 21 अगस्त 2026 को चेन्नई में हुआ। वह 94 वर्ष की थीं।
सौकर जानकी कितनी फिल्मों में काम कर चुकी थीं?
उन्होंने अपने सात दशक से अधिक लंबे करियर में 400 से ज्यादा फिल्मों में काम किया था।
सौकर जानकी को यह नाम कैसे मिला?
उन्होंने 1950 की तेलुगु फिल्म Shavukaru से पहचान बनाई। इसी फिल्म के बाद उनके नाम के साथ ‘सौकर’ जुड़ गया।
सौकर जानकी को पद्मश्री कब मिला था?
भारत सरकार ने उन्हें 2022 में सिनेमा के क्षेत्र में योगदान के लिए पद्मश्री से सम्मानित किया था।
सौकर जानकी के निधन पर किन लोगों ने श्रद्धांजलि दी?
तमिलनाडु के मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय, कमल हासन समेत दक्षिण भारतीय फिल्म और राजनीतिक जगत की कई हस्तियों ने उन्हें श्रद्धांजलि दी।