रीवा में स्वास्थ्य सुविधाओं के विस्तार की दिशा में चल रहे निर्माण कार्यों का मंगलवार शाम उप मुख्यमंत्री राजेंद्र शुक्ल ने निरीक्षण किया। उन्होंने संजय गांधी अस्पताल परिसर में निर्माणाधीन 750 बेड के मैटरनिटी अस्पताल और 300 बेड के PET-CT कैंसर अस्पताल भवन का अवलोकन कर निर्माण की प्रगति और गुणवत्ता की जानकारी ली।
उप मुख्यमंत्री ने अधिकारियों और निर्माण एजेंसी से भवन के अलग-अलग हिस्सों में चल रहे काम की स्थिति जानी। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि निर्माण कार्य में गुणवत्ता से किसी तरह का समझौता नहीं होना चाहिए और सभी काम तय समयसीमा में पूरे किए जाएं, ताकि मरीजों को इन सुविधाओं का लाभ जल्द मिल सके। 300 बेड के कैंसर अस्पताल के निर्माण की प्रगति का निरीक्षण राजेंद्र शुक्ल पहले भी कर चुके हैं और उस दौरान भी उन्होंने गुणवत्ता तथा समयबद्धता पर जोर दिया था।
रीवा में 750 बेड का मैटरनिटी अस्पताल
संजय गांधी अस्पताल परिसर में 750 बेड की क्षमता वाले मैटरनिटी अस्पताल का निर्माण कराया जा रहा है। इस सुविधा के शुरू होने के बाद प्रसूति और मातृ स्वास्थ्य से जुड़ी सेवाओं के लिए अस्पताल की क्षमता बढ़ने की उम्मीद है।
निरीक्षण के दौरान निर्माण कार्य की स्थिति और भवन में किए जा रहे कामों की जानकारी ली गई। अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि निर्माण के दौरान निर्धारित गुणवत्ता मानकों और तकनीकी आवश्यकताओं का पालन किया जाए।
300 बेड के PET-CT कैंसर अस्पताल पर भी काम जारी
संजय गांधी अस्पताल परिसर में 300 बेड के कैंसर अस्पताल का निर्माण भी जारी है। इस परियोजना का उद्देश्य रीवा और आसपास के क्षेत्रों के मरीजों को आधुनिक कैंसर जांच और उपचार की सुविधाएं उपलब्ध कराना है।
उपलब्ध जानकारी के अनुसार इस कैंसर सुविधा में Linear Accelerator, Brachytherapy और CT Simulator जैसी आधुनिक तकनीकों से जुड़ी व्यवस्थाएं विकसित करने की तैयारी है। भवन तैयार होने के बाद संबंधित चिकित्सा उपकरणों की स्थापना की जाएगी।
कैंसर मरीजों को दूसरे शहरों की दौड़ से मिल सकती है राहत
वर्तमान में रीवा और आसपास के क्षेत्रों के गंभीर कैंसर मरीजों को कई तरह की जांच और उपचार के लिए बड़े शहरों का रुख करना पड़ता है। ऐसे में रीवा में आधुनिक कैंसर उपचार सुविधाओं का विस्तार होने से स्थानीय मरीजों और उनके परिजनों को लंबी दूरी की यात्रा से राहत मिलने की उम्मीद है।
हालांकि, अस्पताल की सभी सेवाएं शुरू होने के बाद किस स्तर की जांच और उपचार सुविधा उपलब्ध होगी, यह संबंधित विभाग द्वारा उपकरणों की स्थापना, स्टाफ और सेवाओं के संचालन के बाद स्पष्ट होगा।
निर्माण की गुणवत्ता पर विशेष जोर
निरीक्षण के दौरान उप मुख्यमंत्री राजेंद्र शुक्ल ने निर्माण कार्यों में गुणवत्ता बनाए रखने पर विशेष जोर दिया। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि भवन निर्माण के साथ तकनीकी कार्य भी निर्धारित मानकों के अनुरूप पूरे किए जाएं।
कैंसर अस्पताल के निर्माण में भवन के अलावा उपचार उपकरणों के लिए जरूरी तकनीकी व्यवस्थाएं भी महत्वपूर्ण हैं। पहले हुए निरीक्षण में कैंसर अस्पताल के मुख्य भवन और तकनीकी हिस्सों में चल रहे काम की जानकारी भी ली गई थी।
समय पर काम पूरा करने के निर्देश
राजेंद्र शुक्ल ने अधिकारियों को सभी निर्माण कार्य निर्धारित समयसीमा में पूरा करने के निर्देश दिए। उनका जोर इस बात पर रहा कि निर्माण में तेजी के साथ गुणवत्ता भी बनी रहे।
300 बेड के कैंसर अस्पताल के पिछले निरीक्षण के दौरान भी निर्माण एजेंसी को समयसीमा और गुणवत्ता का पालन करने के निर्देश दिए गए थे। भवन के तकनीकी कार्यों और अन्य जरूरी हिस्सों की प्रगति की समीक्षा भी की गई थी।
रीवा में कैंसर इलाज की सुविधाओं का विस्तार
रीवा में कैंसर अस्पताल का निर्माण क्षेत्र की स्वास्थ्य सुविधाओं के लिहाज से महत्वपूर्ण परियोजना है। इससे रीवा के साथ आसपास के जिलों के मरीजों को भी लाभ मिलने की संभावना है। संजय गांधी मेमोरियल अस्पताल रीवा जिले का प्रमुख सरकारी स्वास्थ्य संस्थान है और जिला प्रशासन की वेबसाइट पर भी इसे सरकारी अस्पताल के रूप में सूचीबद्ध किया गया है।
कैंसर यूनिट में आधुनिक मशीनों की स्थापना के बाद मरीजों को जांच और उपचार की अतिरिक्त सुविधाएं मिल सकेंगी। हालांकि, किसी भी नई चिकित्सा सेवा की वास्तविक उपलब्धता अस्पताल के संचालन, विशेषज्ञ डॉक्टरों, तकनीकी स्टाफ और उपकरणों की स्थापना के बाद ही तय होगी।
मैटरनिटी और कैंसर अस्पताल से बढ़ेगी स्वास्थ्य सुविधाओं की क्षमता
एक ओर 750 बेड के मैटरनिटी अस्पताल से मातृ एवं प्रसूति सेवाओं की क्षमता बढ़ाने की योजना है, वहीं 300 बेड का कैंसर अस्पताल कैंसर की जांच और उपचार से जुड़ी सुविधाओं के विस्तार पर केंद्रित है। दोनों परियोजनाओं के पूरा होने से संजय गांधी अस्पताल परिसर में मरीजों के लिए उपलब्ध स्वास्थ्य सुविधाओं का दायरा बढ़ सकता है।
अब निर्माण कार्यों को तय समयसीमा में पूरा करना और भवन तैयार होने के बाद जरूरी चिकित्सा उपकरण, डॉक्टर तथा अन्य स्टाफ की व्यवस्था करना अगला महत्वपूर्ण चरण होगा।
रीवा SGMH में चल रहे निर्माण कार्यों पर नजर
संजय गांधी अस्पताल परिसर में स्वास्थ्य सुविधाओं से जुड़े निर्माण कार्यों की प्रगति पर प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग की निगरानी जारी है। उप मुख्यमंत्री के निरीक्षण के दौरान अधिकारियों को निर्माण की गुणवत्ता, तकनीकी मानकों और समयसीमा का पालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं।
कैंसर अस्पताल की निर्माण परियोजना के संबंध में सितंबर 2026 में हुए निरीक्षण में भी भवन, तकनीकी कार्यों और PG छात्र-छात्राओं के हॉस्टल की प्रगति की समीक्षा की गई थी। उस दौरान भी निर्माण एजेंसी को गुणवत्ता के साथ निर्धारित समय में काम पूरा करने के निर्देश दिए गए थे।
