मुंबई में अभिनेता टाइगर श्रॉफ की कार पर 18 अक्टूबर को हुई फायरिंग की जांच में एक नया पहलू सामने आया है। द इंडियन एक्सप्रेस की 26 अक्टूबर की रिपोर्ट के मुताबिक, पुलिस सूत्रों का दावा है कि हमले को अंजाम देने के लिए मुंबई पहुंचे शूटरों का शुरुआती निशाना अभिनेता आमिर खान थे। रिपोर्ट के अनुसार, आमिर खान तक पहुंचने में मुश्किल होने के बाद कथित तौर पर टाइगर श्रॉफ को निशाना बनाने का फैसला किया गया।
इस मामले में मुंबई पुलिस की क्राइम ब्रांच ने मध्य प्रदेश के इंदौर से 22 वर्षीय प्रांजल ठाकरान को गिरफ्तार किया है। उसे इस केस में गिरफ्तार किया गया 11वां आरोपी बताया गया है। पुलिस अब कथित साजिश, हथियारों की सप्लाई और आरोपियों के आपसी संपर्कों की जांच कर रही है।
आमिर खान को शुरुआती निशाना बनाए जाने का दावा
द इंडियन एक्सप्रेस की रिपोर्ट के अनुसार, पुलिस सूत्रों ने बताया कि हरियाणा से 20 सितंबर को मुंबई पहुंचे कथित शूटरों को आमिर खान को निशाना बनाने के लिए भेजा गया था। जांच से जुड़े सूत्रों का दावा है कि शूटरों ने बांद्रा में आमिर खान के घर के आसपास कम से कम तीन बार रेकी की थी।
रिपोर्ट के मुताबिक, आमिर खान अक्सर फिल्मों की शूटिंग के लिए घर से बाहर रहते थे या कई दिनों तक बाहर नहीं निकलते थे। ऐसे में कथित हमलावरों को उन तक पहुंचने का मौका नहीं मिला। इसके बाद सितंबर के आखिर में योजना बदलकर टाइगर श्रॉफ को निशाना बनाने का फैसला किए जाने की बात सामने आई है।
हालांकि, यह विवरण पुलिस सूत्रों के हवाले से प्रकाशित रिपोर्ट पर आधारित है। जांच में सामने आए आरोपों और दावों को अदालत में साबित तथ्य नहीं माना जाना चाहिए।
टाइगर श्रॉफ को आसान निशाना मानने का आरोप
रिपोर्ट के अनुसार, आमिर खान और टाइगर श्रॉफ के घर बांद्रा इलाके में एक-दूसरे से कुछ किलोमीटर की दूरी पर हैं। पुलिस सूत्रों का दावा है कि रेकी के दौरान कथित शूटरों ने टाइगर श्रॉफ की गतिविधियों पर भी नजर रखी। उन्हें पता चला कि अभिनेता जुहू के पुष्पा नरसी पार्क में फुटबॉल खेलने आते हैं।
जांच से जुड़े सूत्रों के मुताबिक, टाइगर श्रॉफ की नियमित गतिविधियों का पता चलने और उन तक पहुंचना अपेक्षाकृत आसान लगने के बाद उन्हें निशाना बनाने की योजना बनाई गई। कथित हमलावरों ने बांद्रा और अंधेरी में कई अभिनेताओं के घरों के आसपास भी चक्कर लगाए थे।
द इंडियन एक्सप्रेस की रिपोर्ट के मुताबिक, कथित शूटरों ने अभिनेताओं के घरों की रेकी के लिए एक दिन के लिए 3,000 रुपये में कैब किराए पर ली थी। उन्होंने अंधेरी में कई बार होटल बदले और 14 से 18 अक्टूबर तक आर आर रेजीडेंसी में ठहरे थे।
जुलाई में आमिर खान को मिली थी धमकी
रिपोर्ट के अनुसार, जुलाई में सोशल मीडिया पोस्ट और एक ऑडियो क्लिप के जरिए आमिर खान को धमकी दी गई थी। धमकी देने वाले व्यक्ति ने कथित तौर पर खुद को लॉरेंस बिश्नोई गैंग से जुड़ा बताया था। इस संदेश में आमिर खान और गौरी स्प्रैट के रिश्ते को लेकर आपत्ति जताई गई थी और कार्रवाई करने की धमकी दी गई थी।
पुलिस सूत्रों ने कथित हमले की योजना को पहले मिली धमकी से जोड़कर देखा है। हालांकि, किसी धमकी और बाद में हुई घटना के बीच संबंध को जांच के निष्कर्षों तथा उपलब्ध सबूतों के आधार पर ही स्थापित किया जा सकता है।
18 अक्टूबर को टाइगर श्रॉफ की कार पर हुई थी फायरिंग
18 अक्टूबर को मुंबई के जुहू इलाके में फुटबॉल खेलने के बाद लौट रहे टाइगर श्रॉफ की कार पर फायरिंग की गई थी। शुरुआती रिपोर्टों में बताया गया कि हमलावरों ने कार पर कई राउंड गोलियां चलाईं। घटना में अभिनेता के ड्राइवर के घायल होने और एक अन्य व्यक्ति के भी जख्मी होने की खबरें आई थीं।
रिपोर्टों के मुताबिक, ड्राइवर के घायल होने के बाद टाइगर श्रॉफ खुद गाड़ी चलाकर अस्पताल पहुंचे। मुंबई पुलिस ने इसके बाद हमले में शामिल लोगों, हथियारों और कथित साजिश के नेटवर्क की जांच शुरू की।
इंदौर से गिरफ्तार हुआ 11वां आरोपी
मुंबई पुलिस क्राइम ब्रांच ने 22 वर्षीय प्रांजल ठाकरान को इंदौर से गिरफ्तार किया। वह मूल रूप से हरियाणा के सोनीपत का रहने वाला बताया गया है। पुलिस के मुताबिक, जांच में उसकी कथित भूमिका हथियारों की सप्लाई और हमले से जुड़े लोगों के संपर्कों के मामले में सामने आई है।
हिंदुस्तान टाइम्स की रिपोर्ट के अनुसार, पुलिस प्रांजल के कथित संपर्कों और मामले में उसकी सटीक भूमिका की जांच कर रही है। उसे 31 अक्टूबर तक पुलिस हिरासत में भेजे जाने की जानकारी दी गई है। आरोपी के परिवार ने उसके खिलाफ लगाए गए आरोपों पर आपत्ति जताई है। इसलिए उसकी भूमिका को लेकर अंतिम निष्कर्ष जांच और न्यायिक प्रक्रिया के बाद ही निकाला जा सकता है।
टाइगर श्रॉफ फायरिंग केस: 11 आरोपियों और उनकी भूमिका की जानकारी
| आरोपी | घर | गिरफ्तारी | आरोप या भूमिका |
|---|---|---|---|
| रेहान अंसारी | सोनीपत, हरियाणा | कोटा, राजस्थान से | फायरिंग का आरोप |
| फूल सिंह | सोनीपत, हरियाणा | कोटा, राजस्थान से | घटनास्थल पर मौजूद |
| ऋतिक महतो | बेगूसराय, बिहार | कोटा, राजस्थान से | फायरिंग का आरोप |
| कुणाल | सोनीपत, हरियाणा | दिल्ली से | हथियार सप्लाई करने का आरोप |
| समित | रोहतक, हरियाणा | सोनीपत से | हथियार सप्लाई करने का आरोप |
| राधा | सीतापुर, उत्तर प्रदेश | दिल्ली से | हथियार मुंबई पहुंचाने का आरोप |
| बबीता | आजमगढ़, उत्तर प्रदेश | दिल्ली से | हथियार मुंबई पहुंचाने का आरोप |
| अंकित खटक | सोनीपत, हरियाणा | सोनीपत से | टाइगर की रेकी करने का आरोप |
| समीर | सोनीपत, हरियाणा | सोनीपत से | रेहान और अनिल पंडित की बात कराई |
| नितिन | खरखौदा, सोनीपत | सोनीपत से | हथियारों की सप्लाई में मदद का आरोप |
| प्रांजल | हरियाणा, सोनीपत | इंदौर से | हथियार और फंड सप्लाई करने का आरोप |
पुलिस जांच में हथियारों और संपर्कों की कड़ी अहम
जांच का एक महत्वपूर्ण हिस्सा कथित शूटरों तक हथियार पहुंचाने वाले लोगों और उनके बीच संपर्क की कड़ी का पता लगाना है। हिंदुस्तान टाइम्स की रिपोर्ट के मुताबिक, पुलिस ने सूरत में रेलवे ट्रैक के पास झाड़ियों से दो हथियार और 10 जिंदा कारतूस बरामद किए। इन हथियारों को फॉरेंसिक और बैलिस्टिक जांच के लिए भेजे जाने की जानकारी दी गई है।
पुलिस कथित तौर पर यह भी पता लगा रही है कि हथियार किसने उपलब्ध कराए, आरोपियों के बीच पैसे और लॉजिस्टिक्स की व्यवस्था कैसे हुई और कथित साजिश में अन्य लोगों की क्या भूमिका थी। जांच पूरी होने और आधिकारिक निष्कर्ष सामने आने तक इन दावों को आरोप के रूप में ही देखा जाना चाहिए।
क्या आमिर खान को निशाना बनाने की बात आधिकारिक रूप से पुष्ट है?
26 अक्टूबर को प्रकाशित द इंडियन एक्सप्रेस की रिपोर्ट में पुलिस सूत्रों के हवाले से आमिर खान को शुरुआती निशाना बताए जाने का दावा किया गया है। हालांकि, 22 अक्टूबर की इसी अखबार की एक पिछली रिपोर्ट में पुलिस सूत्रों ने कहा था कि जांचकर्ता यह पता लगा रहे थे कि क्या शूटरों को दूसरे अभिनेताओं को निशाना बनाने के निर्देश मिले थे या वे खुद उनके घरों तक गए थे।
इसलिए आमिर खान को मूल निशाना बनाए जाने की बात को फिलहाल जांच से जुड़े सूत्रों का दावा माना जाना चाहिए। मुंबई पुलिस की ओर से सार्वजनिक रूप से पुष्टि किए गए तथ्यों और अदालत में साबित होने वाले आरोपों के बीच अंतर रखना जरूरी है।

