रीवा: रीवा की एडिशनल एसपी भावना मरावी का WhatsApp अकाउंट अनधिकृत रूप से एक्सेस किए जाने का मामला सामने आया है। अकाउंट से जुड़े पत्रकारों और अन्य संपर्कों को उनके नंबर से पैसे मांगने वाले मैसेज भेजे गए। मामला सामने आने के बाद भावना मरावी ने लोगों से ऐसे संदेशों पर भरोसा नहीं करने और किसी भी तरह का भुगतान करने से पहले सीधे फोन पर पुष्टि करने की अपील की है।
मामले की जानकारी मिलने के बाद साइबर पुलिस में शिकायत की गई है। साइबर सेल अब यह पता लगाने में जुटी है कि WhatsApp अकाउंट तक अनधिकृत पहुंच किस तरीके से बनाई गई और इस दौरान कितने लोगों को संदेश भेजे गए। फिलहाल किसी व्यक्ति या समूह को घटना के लिए जिम्मेदार नहीं ठहराया गया है। तकनीकी जांच पूरी होने के बाद ही घटना के तरीके और जिम्मेदार लोगों की स्थिति स्पष्ट होगी।
पत्रकारों और संपर्कों को भेजे गए पैसे मांगने वाले मैसेज
जानकारी के मुताबिक भावना मरावी के WhatsApp नंबर से पत्रकारों सहित कुछ संपर्कों को पैसे मांगने वाले संदेश भेजे गए। जब संबंधित लोगों ने इन संदेशों की जानकारी एडिशनल एसपी को दी, तब WhatsApp अकाउंट के साथ अनधिकृत गतिविधि का पता चला।
भावना मरावी ने स्पष्ट किया कि उनका मोबाइल फोन हैक नहीं हुआ था, बल्कि WhatsApp अकाउंट प्रभावित हुआ था। इसके बाद उनके नंबर से आने वाले किसी भी संदिग्ध संदेश को लेकर लोगों को सावधानी बरतने की सलाह दी गई।
WhatsApp Uninstall किया गया, साइबर पुलिस को शिकायत
मामले की जानकारी मिलने के बाद मोबाइल से WhatsApp को Uninstall कर दिया गया। इसके साथ ही साइबर पुलिस को शिकायत दी गई। पुलिस अब अकाउंट के अनधिकृत इस्तेमाल से जुड़े तकनीकी साक्ष्यों की जांच कर रही है।
जांच में यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि अकाउंट तक पहुंच किस तरीके से बनाई गई, किस समय से उसका दुरुपयोग हुआ और इस दौरान किन-किन संपर्कों को संदेश भेजे गए।
पैसे मांगने वाले WhatsApp मैसेज से रहें सावधान
किसी परिचित, अधिकारी या भरोसेमंद व्यक्ति के WhatsApp नंबर से अचानक पैसे मांगने का संदेश आए तो बिना पुष्टि किए रकम ट्रांसफर नहीं करनी चाहिए। ऐसे संदेश की पुष्टि संबंधित व्यक्ति से किसी दूसरे माध्यम से फोन करके की जा सकती है।
संदिग्ध संदेश में भेजे गए किसी अनजान Link को बिना जांच के Open नहीं करना चाहिए। बैंक Account, OTP, UPI PIN या अन्य संवेदनशील वित्तीय जानकारी भी किसी के साथ साझा नहीं करनी चाहिए।
WhatsApp Account Takeover को लेकर पहले भी चेतावनी
WhatsApp Account Takeover से जुड़े मामलों को लेकर Indian Cyber Crime Coordination Centre यानी I4C पहले भी चेतावनी जारी कर चुका है। अगस्त 2026 में I4C ने बताया था कि कुछ साइबर अभियानों में Malicious Files के जरिए WhatsApp Account और Linked WhatsApp Web Session तक अनधिकृत पहुंच बनाने की कोशिश की गई।
I4C ने अनजान स्रोत से मिले ZIP या Executable Files को Download या Open नहीं करने और WhatsApp के Settings > Linked Devices में जाकर जुड़े Devices की नियमित जांच करने की सलाह दी है। अकाउंट Compromise होने की स्थिति में अनजान Linked Devices को Log Out करने और संपर्कों को तुरंत सावधान करने की भी सलाह दी गई है।
रीवा मामले में तकनीकी जांच जारी
फिलहाल रीवा के इस मामले में साइबर पुलिस की जांच जारी है। जांच का मुख्य बिंदु यह है कि WhatsApp Account पर अनधिकृत पहुंच किस माध्यम से बनी और उसके बाद किन लोगों को पैसे मांगने वाले संदेश भेजे गए।
जांच पूरी होने के बाद ही घटना के पीछे जिम्मेदार व्यक्ति या समूह और इस्तेमाल किए गए तरीके की जानकारी सामने आएगी। यदि भावना मरावी के नंबर से पैसे मांगने वाला कोई संदेश प्राप्त हुआ है तो भुगतान करने के बजाय पहले सीधे फोन करके पुष्टि करने की सलाह दी गई है। साइबर ठगी की आशंका होने पर तत्काल पुलिस या साइबर अपराध की आधिकारिक शिकायत व्यवस्था का इस्तेमाल किया जा सकता है।
