IGL के मुताबिक यह संशोधन इनपुट गैस की बढ़ी लागत के असर को आंशिक रूप से कम करने के लिए किया गया है। कंपनी ने कहा है कि कीमत बढ़ाने के बावजूद दिल्ली में CNG की खुदरा कीमत अन्य ईंधन विकल्पों की तुलना में प्रतिस्पर्धी बनी हुई है।
दिल्ली-NCR में CNG के नए दाम
| शहर |
नई CNG कीमत |
| दिल्ली |
₹86.98 प्रति किलो |
| नोएडा |
₹95.59 प्रति किलो |
| गाजियाबाद |
₹95.59 प्रति किलो |
| गुरुग्राम |
₹92.01 प्रति किलो |
| मेरठ |
₹95.47 प्रति किलो |
| रेवाड़ी |
₹91.59 प्रति किलो |
| करनाल |
₹91.32 प्रति किलो |
| कैथल |
₹92.32 प्रति किलो |
नोएडा-गाजियाबाद में ₹95.59 किलो
दिल्ली से सटे नोएडा और गाजियाबाद में CNG की नई कीमत ₹95.59 प्रति किलोग्राम हो गई है। इससे पहले इन दोनों शहरों में CNG ₹91.70 प्रति किलो थी। यानी यहां भी ₹3.89 प्रति किलो की बढ़ोतरी हुई है।
गुरुग्राम में नया भाव ₹92.01 प्रति किलो है, जबकि पहले यह ₹88.12 प्रति किलो था। मेरठ में CNG की नई कीमत ₹95.47 प्रति किलो हो गई है।
क्यों बढ़ाए गए CNG के दाम?
IGL ने कीमत बढ़ाने के पीछे सबसे बड़ी वजह अंतरराष्ट्रीय LNG कीमतों में बढ़ोतरी को बताया है। कंपनी के अनुसार CNG सेगमेंट के लिए इस्तेमाल होने वाली गैस का एक महत्वपूर्ण हिस्सा आयातित LNG से पूरा किया जाता है। अंतरराष्ट्रीय स्पॉट मार्केट में LNG महंगी होने से इनपुट गैस की लागत बढ़ गई है।
कंपनी के मुताबिक वेस्ट एशिया में दोबारा बढ़े तनाव और Strait of Hormuz के जरिए LNG कार्गो की आवाजाही पर पड़े असर ने वैश्विक गैस बाजार पर दबाव बढ़ाया है। IGL ने कहा है कि बढ़ी हुई लागत को आंशिक रूप से समायोजित करने के लिए ₹3.89 प्रति किलो की बढ़ोतरी जरूरी हो गई थी।
दुनिया में LNG महंगी होने का CNG पर असर कैसे?
CNG की कीमत सीधे केवल घरेलू गैस की कीमत पर निर्भर नहीं करती। CNG की सप्लाई के लिए इस्तेमाल होने वाली गैस के स्रोत और उसकी लागत में अंतरराष्ट्रीय LNG बाजार की भूमिका भी होती है। जब आयातित LNG महंगी होती है तो गैस वितरकों की इनपुट लागत बढ़ सकती है।
IGL ने बताया कि भारत में CNG की मांग भी बढ़ रही है। बढ़ती मांग को पूरा करने के लिए CNG सेगमेंट में आयातित स्पॉट LNG का महत्वपूर्ण हिस्सा इस्तेमाल किया जा रहा है। इससे अंतरराष्ट्रीय कीमतों का असर घरेलू CNG लागत पर पड़ता है।
इस साल पांचवीं बार बढ़ी CNG की कीमत
29 अगस्त की यह बढ़ोतरी 2026 में दिल्ली-NCR में CNG की कीमतों में पांचवीं बढ़ोतरी बताई जा रही है। इससे पहले मई में IGL ने चार चरणों में कुल ₹6 प्रति किलो की बढ़ोतरी की थी। मई की बढ़ोतरी भी वैश्विक ऊर्जा कीमतों और बढ़ी हुई गैस लागत के बीच की गई थी।
इसके बाद करीब तीन महीने के अंतराल के बाद CNG की कीमत में फिर बढ़ोतरी की गई है।
ऑटो, टैक्सी और कैब चालकों पर क्या असर?
CNG की कीमत बढ़ने का सीधा असर उन लोगों पर पड़ेगा जो रोजाना CNG से वाहन चलाते हैं। दिल्ली-NCR में बड़ी संख्या में ऑटो, टैक्सी, कैब और कमर्शियल वाहन CNG पर चलते हैं। निजी CNG कार मालिकों की रोजाना यात्रा लागत भी बढ़ेगी।
कमर्शियल वाहन चालकों के लिए इसका असर ज्यादा महत्वपूर्ण हो सकता है, क्योंकि ईंधन उनका नियमित परिचालन खर्च है। हालांकि, CNG महंगी होने के बावजूद ऑटो या टैक्सी का किराया तत्काल बढ़ना जरूरी नहीं है। किराया बढ़ाने का फैसला संबंधित परिवहन व्यवस्था और स्थानीय नियमों पर निर्भर करता है।
एक किलो CNG महंगी होने का सीधा हिसाब
- CNG की बढ़ोतरी: ₹3.89 प्रति किलो
- 10 किलो CNG पर अतिरिक्त खर्च: ₹38.90
- 20 किलो CNG पर अतिरिक्त खर्च: ₹77.80
- 30 किलो CNG पर अतिरिक्त खर्च: ₹116.70
यह केवल कीमत बढ़ने से होने वाले अतिरिक्त ईंधन खर्च की गणना है। वाहन का वास्तविक दैनिक खर्च उसके माइलेज, चलने की दूरी और इस्तेमाल की गई CNG की मात्रा पर निर्भर करेगा।
क्या ऑटो-टैक्सी का किराया भी बढ़ेगा?
अभी CNG की कीमत बढ़ने का मतलब यह नहीं है कि ऑटो या टैक्सी का किराया अपने आप बढ़ जाएगा। किराया बढ़ाने के लिए संबंधित प्राधिकरण या परिवहन व्यवस्था के नियम लागू होते हैं।
हालांकि, अगर ईंधन लागत लंबे समय तक ऊंची रहती है तो कमर्शियल वाहन ऑपरेटरों की परिचालन लागत बढ़ सकती है और इससे भविष्य में किराया संशोधन की मांग उठ सकती है। फिलहाल इसे संभावित असर के रूप में देखा जाना चाहिए, न कि घोषित किराया बढ़ोतरी के रूप में।
IGL का कहना है, कीमत अभी भी प्रतिस्पर्धी
IGL ने कहा है कि अंतरराष्ट्रीय स्पॉट LNG की कीमतों में तेज उतार-चढ़ाव के बावजूद CNG ग्राहकों को लंबे समय तक इसका पूरा असर नहीं झेलना पड़ा। कंपनी के अनुसार दिल्ली में CNG की कीमत को अपेक्षाकृत स्थिर रखने की कोशिश की गई और मौजूदा संशोधन बढ़ी हुई इनपुट लागत को आंशिक रूप से समायोजित करने के लिए किया गया है।
कंपनी ने यह भी कहा है कि बढ़ोतरी के बाद भी दिल्ली में CNG खुदरा कीमत उपभोक्ताओं के लिए अपेक्षाकृत किफायती विकल्पों में बनी हुई है।
सिर्फ दिल्ली-NCR ही नहीं, IGL के दूसरे शहरों में भी बदलाव
IGL के नेटवर्क वाले कई दूसरे शहरों में भी संशोधित कीमतें लागू हुई हैं। उपलब्ध नई कीमतों के अनुसार कानपुर, हमीरपुर और फतेहपुर में CNG ₹98.31 प्रति किलो, अजमेर, पाली और राजसमंद में ₹96.33 प्रति किलो तथा महोबा, बांदा और चित्रकूट में ₹93.31 प्रति किलो है।
आम ग्राहक पर कितना असर?
निजी कार मालिकों के लिए अतिरिक्त खर्च इस बात पर निर्भर करेगा कि उनकी कार रोज कितनी CNG इस्तेमाल करती है। वहीं ऑटो, टैक्सी और कमर्शियल वाहनों में रोजाना अधिक CNG खपत होने के कारण कुल अतिरिक्त खर्च अपेक्षाकृत ज्यादा हो सकता है।
उदाहरण के लिए, कोई वाहन एक दिन में 10 किलो CNG इस्तेमाल करता है तो केवल इस बढ़ोतरी के कारण उसका ईंधन खर्च करीब ₹38.90 प्रतिदिन बढ़ेगा। 30 दिनों में यही अंतर लगभग ₹1,167 हो सकता है, बशर्ते रोजाना खपत 10 किलो ही रहे।
दिल्ली-NCR में CNG की कीमत में ₹3.89 प्रति किलो की बढ़ोतरी शनिवार सुबह 6 बजे से लागू हो गई है। दिल्ली में नया भाव ₹86.98, नोएडा-गाजियाबाद में ₹95.59 और गुरुग्राम में ₹92.01 प्रति किलो है।
IGL ने अंतरराष्ट्रीय LNG कीमतों में बढ़ोतरी, आयातित गैस की लागत और वेस्ट एशिया संकट के कारण आपूर्ति पर पड़े दबाव को कीमत बढ़ाने की वजह बताया है। इसका तत्काल असर CNG वाहन मालिकों, ऑटो-टैक्सी चालकों और कमर्शियल ट्रांसपोर्ट ऑपरेटरों के ईंधन खर्च पर पड़ेगा।