✍️ विशेष संवाददाता•Published On 6th Sept, 2026 @ 12:30 PM
मध्य प्रदेश सरकार ने 5 सितंबर 2026 को प्रशासनिक स्तर पर बड़ा फेरबदल करते हुए 11 IAS अधिकारियों की नई पदस्थापना की है। इसके साथ ही 5 अधिकारियों को अतिरिक्त प्रभार सौंपे गए हैं। सागर संभाग के आयुक्त अनिल सुचारी को हटाकर दिलीप कुमार को नया संभागायुक्त बनाया गया है। वहीं निधि निवेदिता, नेहा मारव्या सिंह, अनुभा श्रीवास्तव, अनुराग वर्मा और अन्य अधिकारियों की जिम्मेदारियों में भी बदलाव किया गया है।
भोपाल: मध्य प्रदेश में शनिवार, 5 सितंबर 2026 को प्रशासनिक स्तर पर बड़ा फेरबदल किया गया। राज्य सरकार ने 11 IAS अधिकारियों के Transfer और Posting Orders जारी किए हैं। इसके साथ ही 5 IAS अधिकारियों को उनके मौजूदा पद के साथ अतिरिक्त जिम्मेदारियां भी सौंपी गई हैं।
इस फेरबदल में सागर संभाग से लेकर Revenue, Women and Child Development, Tribal Welfare, Civil Supplies, Industries और Public Health जैसे महत्वपूर्ण क्षेत्रों से जुड़े अधिकारियों की जिम्मेदारियां बदली गई हैं। सबसे प्रमुख बदलावों में सागर संभाग के आयुक्त अनिल सुचारी की जगह दिलीप कुमार की नियुक्ति शामिल है। सुचारी इसी माह सेवानिवृत्त होने वाले हैं।
सागर को मिला नया संभागायुक्त
2006 बैच के IAS अधिकारी अनिल सुचारी को सागर संभाग के आयुक्त पद से हटाकर मध्य प्रदेश भंडार गृह निगम, भोपाल के प्रबंध संचालक की जिम्मेदारी दी गई है। इस पद को Secretary स्तर के समकक्ष बताया गया है।
वहीं 2008 बैच के IAS अधिकारी दिलीप कुमार को सागर संभाग का नया आयुक्त बनाया गया है। दिलीप कुमार इससे पहले Commissioner Industries और मध्य प्रदेश Small Industries Corporation के Managing Director की जिम्मेदारी संभाल रहे थे।
निधि निवेदिता की भी बदली जिम्मेदारी
2012 बैच की IAS अधिकारी निधि निवेदिता को Women and Child Development Department के Commissioner पद से हटाया गया है। उन्हें Revenue से जुड़े महत्वपूर्ण दायित्व सौंपे गए हैं।
उपलब्ध Transfer List के अनुसार उन्हें Principal Revenue Commissioner तथा Commissioner Land Records and Settlement, Gwalior की जिम्मेदारी दी गई है।
निधि निवेदिता इससे पहले Women and Child Development Department में Commissioner के साथ अन्य जिम्मेदारियां संभाल रही थीं। उनकी प्रशासनिक कार्यशैली को लेकर पहले भी चर्चा होती रही है।
नेहा मारव्या सिंह को नई जिम्मेदारी
2011 बैच की IAS अधिकारी नेहा मारव्या सिंह को Director, Tribal Area Development Schemes और उनसे जुड़ी अतिरिक्त जिम्मेदारियों से हटाकर मध्य प्रदेश अनुसूचित जनजाति वित्त एवं विकास निगम की Managing Director की जिम्मेदारी दी गई है। उन्हें अपर सचिव स्तर की जिम्मेदारी भी दी गई है।
नेहा मारव्या के पद को लेकर हाल के समय में प्रशासनिक स्तर पर चर्चा रही है। हालांकि Transfer Order अपने आप में किसी अधिकारी के खिलाफ किसी आरोप की पुष्टि नहीं करता।
अनुभा श्रीवास्तव को Revenue Department की जिम्मेदारी
2009 बैच की IAS अधिकारी अनुभा श्रीवास्तव को Revenue Department में Secretary बनाया गया है। इससे पहले वे Principal Revenue Commissioner के साथ Commissioner Land Records and Settlement का अतिरिक्त प्रभार संभाल रही थीं।
Revenue प्रशासन राज्य के सबसे महत्वपूर्ण विभागों में शामिल है। ऐसे में अनुभा श्रीवास्तव की नई जिम्मेदारी को प्रशासनिक फेरबदल के प्रमुख बदलावों में माना जा रहा है।
अनुराग वर्मा को Civil Supplies Corporation का जिम्मा
2012 बैच के IAS अधिकारी अनुराग वर्मा को मध्य प्रदेश State Civil Supplies Corporation का Managing Director बनाया गया है। उन्हें अपर सचिव की जिम्मेदारी भी दी गई है।
यह जिम्मेदारी खाद्य और नागरिक आपूर्ति व्यवस्था से जुड़ी होने के कारण प्रशासनिक रूप से महत्वपूर्ण मानी जाती है।
मयंक अग्रवाल और संदीप जीआर की भी नई जिम्मेदारी
2013 बैच के IAS अधिकारी मयंक अग्रवाल को Developed India-Rural Employment Guarantee Livelihood Mission-Rural का Chief Executive Officer और Mission Director, Samagra Narmada Mission बनाया गया है।
वहीं संदीप जीआर को Women and Child Development Department में विकास आयुक्त-सह-आयुक्त की जिम्मेदारी दी गई है। उन्हें पदेन अपर सचिव भी बनाया गया है।
अवि प्रसाद को Public Health Services Corporation का जिम्मा
2014 बैच के IAS अधिकारी अवि प्रसाद को मध्य प्रदेश Public Health Services Corporation Limited, भोपाल का Managing Director नियुक्त किया गया है।
वहीं 2018 बैच की IAS अधिकारी नेहा जैन को Narmada Valley Development Authority, इंदौर के अपर संचालक पद से स्थानांतरित कर CEO Smart City और अपर आयुक्त, नगर पालिक निगम उज्जैन की जिम्मेदारी दी गई है।
इन 5 IAS अधिकारियों को मिला अतिरिक्त प्रभार
| अधिकारी |
अतिरिक्त जिम्मेदारी |
| रघुराम एमआर |
Secretary Labour के साथ Technical Education, Skill Development and Employment Department |
| तरुण राठी |
आयुक्त आदिवासी विकास के साथ आदिम जाति क्षेत्रीय विकास योजनाएं, MAPCET और अनुसंधान संस्थान |
| कुमार पुरुषोत्तम |
आयुक्त उद्योग और Managing Director, लघु उद्योग निगम |
| शीतला पटले |
Secretary MP Public Service Commission के साथ Labour Commissioner |
| अनिशा श्रीवास्तव |
Executive Director MPIDC के साथ CEO Gwalior Development Authority |
IAS Transfer के साथ कई जिला पंचायत CEO भी बदले
IAS अधिकारियों के Transfer के साथ ही राज्य के कई जिलों में जिला पंचायत CEO स्तर पर भी बदलाव किया गया है। उपलब्ध जानकारी के अनुसार हरदा, धार, विदिशा, दतिया और सतना समेत कई स्थानों पर नई जिम्मेदारियां दी गई हैं।
नरोत्तम प्रसाद भार्गव को CEO जिला पंचायत हरदा, अखिलेश कुमार जैन को CEO जिला पंचायत धार, सुरभि तिवारी को CEO जिला पंचायत विदिशा, शैलेन्द्र सिंह को CEO जिला पंचायत दतिया और सपना त्रिपाठी को CEO जिला पंचायत सतना बनाया गया है। वहीं ओमप्रकाश सनोडिया को सिंहस्थ उज्जैन में अपर मेला अधिकारी की जिम्मेदारी दी गई है।
उज्जैन और सिंहस्थ को लेकर भी अहम बदलाव
उज्जैन में होने वाले सिंहस्थ से पहले प्रशासनिक स्तर पर अधिकारियों की जिम्मेदारियों में बदलाव को महत्वपूर्ण माना जा रहा है। ओमप्रकाश सनोडिया को अपर मेला अधिकारी, सिंहस्थ उज्जैन की जिम्मेदारी दी गई है। वहीं नेहा जैन को Smart City और नगर निगम से जुड़ी जिम्मेदारी मिलने से उज्जैन प्रशासन में भी बदलाव हुआ है।
क्यों महत्वपूर्ण है यह प्रशासनिक फेरबदल?
मध्य प्रदेश में IAS स्तर पर यह फेरबदल ऐसे समय हुआ है जब राज्य में Revenue Administration, Tribal Development, Women and Child Development, Civil Supplies और आगामी सिंहस्थ जैसे कई महत्वपूर्ण प्रशासनिक मोर्चे सक्रिय हैं।
एक साथ 11 IAS अधिकारियों की नई पदस्थापना और 5 अधिकारियों को Additional Charge दिए जाने से सरकार ने प्रशासनिक जिम्मेदारियों का व्यापक पुनर्विन्यास किया है। हालांकि किसी Transfer को किसी अधिकारी के खिलाफ कार्रवाई या आरोप की पुष्टि के रूप में देखना उचित नहीं होगा, जब तक सरकार की ओर से ऐसा स्पष्ट रूप से नहीं कहा गया हो।
अब देखना होगा कि नई जिम्मेदारियों के साथ ये अधिकारी अपने-अपने विभागों में किस तरह के प्रशासनिक बदलाव और परिणाम सामने लाते हैं।